UP : ट्रिपल तलाक़ पर कानून के बाद भी महिलाओं को नहीं मिल रही सुरक्षा

Source - Google

UP : मुस्लिम महिलाओं के पक्ष में देश की सरकार ने जहाँ ट्रिपल तलाक को लेकर एक सख्त कानून बना दिया है और इस मामले में केंद्र और राज्य की सरकार बहुत गंभीर नजर आ रही हैं। सरकार ने ट्रिपल तलाक को अवैध बताते हुए कहा है कि इस तरह के मामले सामने आने के बाद किसी को बख्शा नहीं जाएगा। लेकिन ऐसे मामले लगातार देखने को मिल रहा हैं।

एक ऐसा ही मामला है जहां ट्रिपल तलाक की पीड़ित महिला एफआईआर दर्ज कराने के लिए दर दर भटक रही है। महीनों से करमा व दुध्धी पुलिस के यहाँ थानों की चक्कर लगा रही है पर कोई सुनवाई नही होने पर आज पीड़िता जिले में पहुँचे प्रभारी मंत्री से न्याय की गुहार लगाई जिसके बाद तत्काल बेसिक शिक्षा मंत्री एवं प्रभारी मंत्री सतीष चंद्र द्विवेदी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। अधिकारियों को कड़ा निर्देश दिया कि पीड़िता का एफआईआर दर्ज किया जाए।

UP : पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा के खिलाफ दिया बयान कहा..

वही पीड़िता ने बताया कि उसके पति ने एक लाख दहेज की मांग की और उसके साथ मारपीट शुरू कर दिया। पिता की आर्थिक स्थिति सही नहीं है इस वजह से उसके पिता ने पैसे देने से मना कर दिया। इससे नाराज पति ने घर के आंगन में ही तलाक दे दिया। सुबह गांव के प्रबुद्ध जनों के साथ हुए समझौते में उसने कुछ महीने बाद नई जिंदगी की शुरुआत करने को बोला लेकिन उसने दुसरी शादी कर ली। एफआईआर दर्ज कराने के लिए दर दर भटक रही थी लेकिन एफआईआर दर्ज नहीं हो रही थी। आज मंत्री जी के आश्वासन के बाद मुझे न्याय मिल सकेगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here