डाँट से आहत होकर भागे बच्चे को जीआरपी रायबरेली द्वारा बरामद कर परिजनों को किया गया सुपुर्द

थानाध्यक्ष रवींद्र कुमार पाण्डेय थाना जीआरपी रायबरेली मय हमराहीयान उपनिरीक्षक मो0 मुकरीम का0 विमलेश कुमार के साथ प्लेटफॉर्म, पैसेंजरहाल, सर्कुलेटिंग एरिया, संदिगध व्यक्ति /वस्तु की चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान प्लेटफार्म नंबर तीन पर एक बच्चा गुमशुम दशा में बैठा पाया गया। बच्चे से पूछताछ करने पर, बच्चे ने रोते हुए बताया कि मेरा नाम अरूण कुमार है। मेरे पिता का नाम सुरेश कुमार है। मेरी उम्र 17 वर्ष है और मैं ग्राम बेलवारी थाना कोतवाली नगर जनपद फतेहपुर का रहने वाला हूँ। पढाई न करने, ज्यादा घूमने तथा खेलने को लेकर मम्मी की डांट से अपने घर से नाराज होकर बिना बताए हुए चुपके से भागकर चला आया था।

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थानाध्यक्ष ने बच्चे से परिजनों का मोबाइल नंबर प्राप्त किया। उन्होंने परिजनो को बच्चे के संबंध में सूचना दी गई तो गुमशुदा बालक के पिता श्री सुरेश कुमार ने बताया कि मैं इस समय दिल्ली में हूं। मेरा बच्चा नाराज होकर चला गया था और सभी लोग बच्चे की तलाश कर रहे हैं। आप बच्चे को अपने पास ही रोके रखिएगा। कुछ समय बाद गुमशुदा बच्चे अरूण कुमार के जीजा श्री जोखूराम वहां पहुंचे। बच्चा अपने जीजा को देखकर बहुत खुश हुआ तथा गलती की माफी मांगते हुए बताया कि अब मैं बिना मम्मी व आप लोंगो को बताये बिना नहीं जाऊंगा तथा खूब पढाई करूंगा। परिजन अपने बच्चे को पाकर बहुत खुश हुए। पहचान पत्र देखने के बाद बच्चे को परिजन को सौंप दिया गया। जीआरपी रायबरेली द्वारा किए गए इस कृत्य की परिजनों तथा यात्रियों द्वारा काफी सराहना की गई।