नगर निगम की क्विक रिस्पांस टीमों को डीएम अभिषेक ने किया रवाना

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उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश के द्वारा आज शाम को नगर निगम की क्विक रिस्पांस टीमों को हजरतगंज चौराहा से हरी झंडी दिखा कर रवाना किया गया है। जिलाधिकारी द्वारा बताया गया कि शहरी क्षेत्रों के लिए क्विक रेस्पॉन्स टीम का गठन किया गया है। जिसमे से 2 टीमो को आज रवाना किया गया और 2 टीमें कल सक्रिय की जाएगी। जो हमारे पूरे शहर में कार्यशील रहेगी। प्रत्येक QRT में दो नगर निगम के स्टाफ और दो होमगार्ड की नियुक्ति की गई है। जो कि 8-8 घंटे की शिफ्ट में 24 घंटे भ्रमण पर रहेगी। जिलाधिकारी द्वारा बताया गया कि यह QRT डायल 112 मॉडल पर आधारित है।

इस के साथ ही डीएम ने कहा की इन टीमो का गठन मुख्य रूप से 4 कामो के लिए किया गया है। जिसमे सबसे पहला कार्य सड़क पर सो रहे लोगों को रैन बसेरा तक पहुंचाना तक पहुंचाना है। साथ ही यह अतिक्रमण पर भी निगरानी करेंगे शहर में कहीं पर भी अतिक्रमण है तो उसकी सूचना देंगी और उसको हटाने का कार्य करेंगी। अतिक्रमण के साथ-साथ यह निराश्रित गौवंश को आश्रय केंद्रों में भी पहुँचाएगी। साथ ही शहर की सफाई व्यवस्था को भी देखेगी। इस अवसर पर जिलाधिकारी के साथ नगर आयुक्त इन्द्रमणि त्रिपाठी, अपर जिलाधिकारी राजस्व अवनीश सक्सेना, अपर नगर मजिस्ट्रेट प्रथम व अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

डीएम अभिषेक प्रकाश ने लिया गोवंश आश्रय केंद्रों का जायजा

लखनऊ में वर्तमान समय मे कुल 23 रैन बसेरे संचालित है। साथ ही LDA और आवास विकास के साथ पार्किंग सहित मल्टीस्टोरी रैनबसेरो के निर्माण के लिए भी चर्चा की जा रही है। ताकि रैनबसेरों में रुकने वाले रिक्शा चालकों और ठेले वाले अपने वाहनों को वहां पर सुरक्षित पार्क कर सके। जिलाधिकारी द्वारा जनपद के समस्त नागरिकों और सभ्रांत लोगो से अपील की गई है। की दान स्वरूप कंबलों और स्वेटरों व अन्य सामग्री का वितरण सड़को, रेलवे स्टेशनों और धार्मिक स्थलों पर नही किया जाए। जो भी वितरण करना है रैनबसेरों में किया जाए।उन्होंने कहा की सभी रैनबसेरों की सूची उपलब्ध करा दी गई है। एक दो दिन में सभी रैनबसेरों के एड्रेस की सूची भी जनपद के मुख्य चौराहों पर लगा दी जाएगी।